*भाग्यशाली वह नहीं होते, जिन्हें सब कुछ अच्छा मिलता है*
*बल्कि वह होते हैं जिन्हें जो मिलता है*
*उसे वे अच्छा बना लेते हैं...!!!*
*सुप्रभात्*
।।। *जय सियाराम* ।।।
॥ भगवती सरस्वती वंदना ॥ श्वेत पदमासना माँ, ज्ञान की प्रकाश पुंज, वीणा कर सोहै शुभ, रागिनी रसाल है। हंस की सवारी साजे, मंद-मंद मुसक्याँहि, वा...
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